|| 14 ਲੋਕ ਦਾ ਮਾਲਕ ਸਾਡਾ ਨੰਗ੍ਲੀ ਵਾਲਾ ||
मनुष्य के शरीर में 14 लोक [ईश्वर स्वरुप दर्शन ‘हीरा प्रकाश’]
"ऊँ श्री सच्चिदानन्दाय नम:"
- मूलाधार स्थान
- स्वादिष्टान स्थान
- मणिपूरक स्थान
- अनहद स्थान
- विशुद्ध स्थान
- आज्ञ चक्र
- सहस्त्र दल कमल
- त्रिकुटी अस्थान
- भँवर गुफा
- स्वर लोक
- महर लोक
- जन लोक
- तप लोक
- सत्य लोक

















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